नई दिल्ली, 28 अप्रैल- हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि प्रदेश के हर विभाग को अपने कार्य के लिए 2030 तक के तय किए गए टारगेट को साल-दर-साल टाइमलाइन के साथ बनाएं। सिर्फ लक्ष्य बनाना ही काफी नहीं है, बल्कि उन्हें समय पर पूरा करना और उनकी नियमित समीक्षा करना भी जरूरी है, ताकि योजनाओं का फायदा सीधे लोगों तक पहुंच सके।
मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी मंगलवार को सचिवालय में स्वर्ण जयंती हरियाणा वित्तीय प्रबंधन संस्थान से संबंधित बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। बैठक में विभागीय 5-वर्षीय कार्यान्वयन रोडमैप को लेकर अलग—अलग विभागों की समीक्षा की गई।
इस दौरान मुख्यमंत्री ने “विजन टू एक्शन आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस” प्लानिंग टूल को भी लांच किया। स्वर्ण जयंती हरियाणा वित्तीय प्रबंधन संस्थान के महानिदेशक डॉ. राज नेहरु ने मुख्यमंत्री को बताया कि इस टूल को एक्शन प्लान को ध्यान में रखते हुए बनाया गया है। उद्देश्य यही है कि 5साल के टारगेट क्लियर हो, साथ ही विभागों की रिपोर्ट भी यूनिफार्म जनरेट होगी। इसमें विभागों के लिए यह भी सहुलियत होगी कि उन्हें साल दर साल दिए जाने वाले लक्ष्यों का भी आसानी से पता लग सकेगा। ऐसे में विकसित भारत 2047 के लक्ष्य में हरियाणा भी चरणबद्ध तरीके से योगदान दे पाएगा।
बैठक के दौरान मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी के समक्ष अलग अलग विभागों के अधिकारियों ने 2026 से लेकर 2030 तक किए जाने वाले कार्यों का उल्लेख किया। इस दौरान मुख्यमंत्री को बताया गया कि इन 5 सालों में विभागों की क्या—क्या योजनाएं है। जिन विभागों ने अपनी योजनाएं बताई उनमें उद्योग एवं वाणिज्य विभाग, स्कूल शिक्षा विभाग शामिल थे।
मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि आने वाले 5 साल बेहद अहम हैं और अगर योजनाओं को सही तरीके से लागू किया जाए, तो 2047 तक विकसित भारत का लक्ष्य आसानी से हासिल करते हुए हरियाणा, प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के सपने को पूरा करने में अहम योगदान देगा। उन्होंने निर्देश दिए कि केंद्र सरकार के नीति आयोग के साथ सामंजस्य स्थापित करते हुए तमाम रिफॉर्म पर काम करें, ताकि योजनाओं को सही और प्रभावी तौर पर लागू करते हुए अधिक से अधिक लाभ प्रदेशवासियों को मिल सके।
मुख्यमंत्री ने कहा कि समय कम है और लक्ष्य बड़े हैं, इसलिए सभी विभाग मजबूत योजना बनाकर काम करें। साथ ही यह भी देखें कि तय समय में योजनाओं का जमीनी स्तर पर कितना असर हुआ है या होने वाला है, इस पर लगातार नजर रखी जाए।
उन्होंने कहा कि सभी विभाग मिलकर बेहतर तरीके से काम करें, नई सोच अपनाएं और आगे की तैयारी पहले से करें, ताकि प्रदेश की तरक्की की रफ्तार और तेज हो सके।
यह दिया एक्शन प्लान
मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने एक्शन प्लान संबंधित हिदायत देते हुए कहा कि आगामी 5 वर्षों की प्राथमिकताएं स्पष्ट रूप से निर्धारित की जाएं और उन्हें वर्ष-दर-वर्ष मापने योग्य बनाया जाए, ताकि प्रगति की नियमित समीक्षा संभव हो सके। उन्होंने कहा कि सभी समय-सीमाएं यथार्थवादी होने के साथ-साथ महत्वाकांक्षी भी हों और योजनाएं जमीनी स्तर पर वास्तविक बदलाव लाने वाली हों। मुख्यमंत्री ने विभागों के बीच बेहतर समन्वय सुनिश्चित करने, लक्ष्यों के प्रति स्पष्ट जवाबदेही तय करने तथा एक मजबूत मॉनिटरिंग तंत्र विकसित करने पर जोर दिया, ताकि एक्शन प्लान का प्रभावी और समयबद्ध क्रियान्वयन सुनिश्चित हो सके।



